Thursday, November 10, 2011

वाचक…मतलब बोलेगी मशीन और सुनेंगे आप और वह भी अपनी भाषा हिन्दी में

राजभाषा पर मेरा यह पहला लेख है। साहित्य-जगत से तो हमेशा पढ़ने-जानने को यहाँ मिलता ही रहता है। इसलिए सोचा कि बहुत सी काम की बातें जो हिन्दी से मतलब रखती हैं, उन्हें बाँटने की कोशिश की जाय। आज शुरूआत कम्प्यूटर तकनीक से ही करता हूँ। ऐसे विषय पर पहली बार लिखने की कोशिश की है। कमियाँ हों तो बताने की और माफ करने की कृपा करेंगे।



वाचकमतलब बोलेगी मशीन और सुनेंगे आप और वह भी अपनी भाषा हिन्दी में

विंडोज एक्सपी संचालन तंत्र (आपरेटिंग सिस्टम) का अगर आप उपयोग करते हैं तब आपके लिए एक अच्छी सुविधा मौजूद है। सम्भव है आप पहले से इससे परिचित भी हों। यहाँ हम वाचक नामक सहयुक्ति (प्लग-इन) के बारे में बात कर रहे हैं। वाचक विंडोज आधारित सहयुक्ति है जिसकी सहायता से हम हिन्दी में या नागरी लिपि में लिखे किसी पाठ को अपने कम्प्यूटर द्वारा बोलवाकर या पढ़वाकर सुन सकते हैं। यूनिकोड में लिखे पाठ के साथ ही अन्य बहुत से फांटों में लिखे पाठ को भी वाचक के द्वारा पढ़ा जा सकता है।
      कम्प्यूटर में अंग्रेजी के लिए पाठ से वाक यानी टेक्स्ट टू स्पीच आसानी से उपलब्ध है और इसका इस्तेमाल किया जा सकता है लेकिन उसमें जिस आवाज को हम सुनते हैं, वह अमेरिकी टोन के साथ है। जबकि वाचक स्पष्ट शब्दों में हिन्दी, मराठी, भोजपुरी, मैथिली (कहीं-कहीं नहीं भी क्योंकि इस भाषा में साठि को साइठ कहते हैं), मगही, छत्तीसगढ़ी, ब्रज आदि उन सभी भाषाओं में लिखे को पढ़कर सुनाने में समर्थ है जिनकी लिपि नागरी है। इसके लिए माइक्रोसाफ्ट वर्ड, पावरप्वाइंट या एक्सेल आदि की सहायता ली जा सकती है।
      यहाँ यह मानकर चला जा रहा है कि आप सबके पास कम-से-कम एक्सपी और माइक्रोसाफ्ट वर्ड जैसी सुविधा मौजूद है। यहाँ विशेष ध्यान माइक्रोसाफ्ट वर्ड पर ही दिया गया है क्योंकि हममें से अधिकतर लोग लिखने का काम इसी में करते हैं। वाचक द्वारा जब हम थोड़े बड़े पाठ को पढ़वाते हैं तब एक और अच्छी बात होती है। वह यह कि पाठ की रिकार्ड ऑडियो फाइल आपके दस्तावेज में यानी माई डाक्यूमेंट्स में जाकर सुरक्षित हो जाती है।
      अब हम माइक्रोसाफ्ट वर्ड में वाचक का सचित्र उदाहरण यहाँ प्रस्तुत करते हैं, फिर इस सहयुक्ति के डाउनलोड की कड़ी भी बताते हैं।
            इस सहयुक्ति को डाउनलोड करने के बाद, और इसे स्थापित कर लेने पर वर्ड खोलते ही आप वाचक टूल बार को पाएंगे। 
 और अगर इस टूलबार को देखने में कोई परेशानी हो तब व्यू मेन्यू के अन्दर टूलबार्स में वाचक को चुनकर आप इसे देख सकते हैं। अब जिस फांट में आपका पाठ हो, उस फांट को आप चुन सकते हैं। अगर आप यूनिकोड या मंगल फांट में लिख रहे हों या आपके द्वारा खोला गया दस्तावेज यूनिकोड या मंगल फांट में हो, तब आप फांट की सूची से (ड्राप डाउन मेन्यू से) मंगल फांट चुन सकते हैं। प्ले पर क्लिक करने के पहले आप आप पाठ को चुन लें (सेलेक्ट कर लें)। अब आप फांट चुन चुके हैं, पाठ सेलेक्ट कर चुके हैं। प्ले के बगल में आप एक संख्या देख रहे हैं, जो पढ़ने की गति है। मेरी समझ में यह 150 रखें, तो ठीक होगा। यह आप सुविधानुसार घटा बढ़ा सकते हैं।

      अब आप पाठ को पढ़वाकर सुनने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। बस प्ले पर क्लिक करें और महिला की मशीनी आवाज में पाठ सुन लें। ध्यान रहे कि मशीनी आवाज मशीनी ही होती है। उसके साथ मानवी आवाज की अपेक्षा करना ठीक नहीं।